जनवरी 2026 में विदेशी निवेशकों की भारी बिकवाली, इक्विटी बाजार से अब तक 27,454 करोड़ रुपये की निकासी
जनवरी 2026 में भारतीय शेयर बाजार में विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (FPI) की बिकवाली तेज रही। रिपोर्ट के मुताबिक, महीने में अब तक कुल 27,454 करोड़ रुपये की निकासी दर्ज की गई, जिससे बाजार की धारणा पर दबाव बना।
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- व्यापार जगत न्यूज़ डेस्क
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भारतीय शेयर बाजार में जनवरी 2026 के दौरान विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (FPI) की ओर से तेज बिकवाली देखने को मिली। 25 जनवरी 2026 को प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार, जनवरी महीने में अब तक विदेशी निवेशकों ने कुल 27,454 करोड़ रुपये की निकासी की है।

बाजार विश्लेषकों के मुताबिक, FPI फ्लो कई कारकों से प्रभावित होते हैं—वैश्विक ब्याज दरों का रुख, डॉलर की मजबूती, विकसित बाजारों में बॉन्ड यील्ड, और जोखिम लेने की क्षमता (रिस्क-ऑन/रिस्क-ऑफ) जैसी स्थितियां इसमें भूमिका निभाती हैं। जब वैश्विक अनिश्चितता बढ़ती है, तो उभरते बाजारों से धन निकलने की प्रवृत्ति तेज हो सकती है।
FPI बिकवाली का सीधा असर बड़ी कंपनियों के शेयरों के साथ-साथ सेक्टर-आधारित धारणा पर भी पड़ता है। कुछ सत्रों में घरेलू संस्थागत निवेशक (DII) और रिटेल निवेशक गिरावट को आंशिक रूप से संतुलित करते दिखते हैं, लेकिन लगातार निकासी से बाजार में उतार-चढ़ाव बढ़ सकता है।
रिपोर्ट में दिए गए आंकड़े यह संकेत देते हैं कि जनवरी 2026 में विदेशी निवेशकों का रुख सावधानी भरा रहा। ऐसे समय में निवेशक आम तौर पर कॉरपोरेट नतीजों, महंगाई के संकेत, और आगामी नीतिगत फैसलों पर ज्यादा ध्यान देते हैं।
बाजार भागीदारों के लिए अगला सवाल यह है कि क्या यह निकासी अस्थायी है या फिर वैश्विक परिदृश्य में बदलाव के साथ यह ट्रेंड आगे भी जारी रह सकता है। आने वाले हफ्तों में वैश्विक संकेतों के साथ-साथ घरेलू डेटा, कंपनियों के तिमाही नतीजे और रुपये की चाल भी निवेशकों की रणनीति को प्रभावित कर सकती है।